Friday, September 17, 2021
Homeभारतचीन का जासूस गिरफ्तार, हजारों करोड़ के हवाला रैकेट का भंडाफोड़

चीन का जासूस गिरफ्तार, हजारों करोड़ के हवाला रैकेट का भंडाफोड़

  • दिल्ली-एनसीआर में चल रहे एक मल्टी-बिलियन हवाला रैकेट पर कार्रवाई कर किया गया नाकाम ।
  • चीन का जासूस गिरफ्तार – लुओ सांग उर्फ ​​चार्ली पेंग पर चीनी खुफिया सेवा Ministry of State Security का एजेंट होने का शक़।

IT विभाग ने कल देश के कई शहरों में हवाला कारोबार से जुड़े ठिकानों पर छापेमारी कर एक बड़े रैकेट का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में चीन का जासूस गिरफ्तार भी किया गया है । इसके पास से फर्जी भारतीय पासपोर्ट भी बरामद किया गया है।

आरोप है कि लुओ सांग जाली आधार कार्ड और अन्य डॉक्यूमेंट के जरिये चार्ली पेंग (छद्म भारतीय नाम) से नकली भारतीय पहचान बनाई। गिरफ्तार जासूस को पहले भी 2018 में भी जासूसी के आरोप में दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार किया गया था।

चीन का जासूस गिरफ्तार

आयकर विभाग को अपने सूत्रों से लगातार खबरें मिल रही थी कि दिल्ली-एनसीआर में बड़े पैमाने पर मनी लांड्रिंग (हवाला) का कारोबार हो रहा है जिससे देश की अर्थव्यवस्था और सुरक्षा को गंभीर खतरा है, इसी कड़ी में करवाई करते हुए IT विभाग ने मंगलवार को देश के कई शहरों जिसमे दिल्ली, गाज़ियाबाद और गुड़गांव शामिल है, में छापेमारी की और इस चीनी नागरिक को गिरफ्तार किया।

इस मामले में विभागीय सूत्र ने बताया कि चार्ली ने कथित रूप से एक नकली भारतीय पासपोर्ट धारण किया है और उसने पिछले दो-तीन वर्षों में “चीन से और हवाला फंडों को जुटाने के लिए फ़र्जी कंपनियों का जाल” बनाया है। जिनकी मदद से वह हवाला कारोबार करता है ।

एक तरफ रफाल की पराक्रमी उड़ान और दूसरी ओर डरे हुए पाकिस्तान की धमकी

दिल्ली में चीनी जासूस हवाला कंपनियों के माध्यम से विभिन्न देशों को लगभग 10,000 करोड़ रुपये भेज चुका है और चीन के निर्देशों के अनुसार दिल्ली पिछले 6 वर्षों से एक कार्यालय स्थल के रूप में काम कर रहा था। उसने पूर्वोत्तर राज्य की एक लड़की से शादी की और भारत में पीएफआई जैसे कई इस्लामी चरमपंथियों को आर्थिक रूप से सहायता प्रदान की । जिसकी जांच वर्तमान में एनआईए की कर रही हैं।

चीन का जासूस गिरफ्तार किया गया व्यक्ति मूल रूप से तिब्बत के ल्हासा का रहने वाला है कुछ साल पहले वह MSS (चीनी खुफिया एजेंसी) के संपर्क में आया था जहाँ से उसे पहले नेपाल फिर भारत आया यहां वह मनी लॉन्ड्रिंग, तिब्बती शरणार्थियों और दलाई लामा के करीबी लोगों के बारे में जानकारी जुटा रहा था।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments